राजस्थान 1st न्यूज,बीकानेर। बीकानेर सहित प्रदेश के दस निगमों में बोर्ड बन गए है। केवल मात्र बीकानेर को छोड़कर सभी निगमों में भाजपा का मेयर बना है। राजस्थान के 10 नगर निगमों में महापौर चुनाव की प्रक्रिया अब पूरी हो गई है। शुक्रवार को जयपुर, जोधपुर और कोटा में हुए चुनाव के साथ प्रदेश के सभी 10 नगर निगमों के मेयर का फैसला हो गया। इन चुनावों में भाजपा के प्रत्याशियों ने 9 नगर निगमों में जीत दर्ज की, जबकि बीकानेर में कांग्रेस का मेयर चुना गया।
जयपुर में भाजपा के सुनील कोठारी ने कांग्रेस की सुनीता मावर को 29 वोट से हराया। कोटा में अनुसुईया गोस्वामी ने सुनीता सुमन को 30 वोट से हराया। जोधपुर में प्रसन्नचंद मेहता ने राजेंद्र सोलंकी को 6 वोट से शिकस्त दी।इससे पहले अजमेर, अलवर, पाली और उदयपुर में भाजपा प्रत्याशी विजयी हुए थे। भरतपुर और भीलवाड़ा में भाजपा प्रत्याशी निर्विरोध मेयर चुने गए, जबकि बीकानेर में कांग्रेस के अनिल कल्ला ने भाजपा प्रत्याशी को 20 वोट से हराया।
अजमेर- भाजपा की अनामिका शर्मा को 43 और कांग्रेस की किरण गढ़वाल को 37 वोट मिले।
उदयपुर- पारस सिंघवी ने 55 वोट हासिल किए और कांग्रेस की पूनम कुंवर राठौड़ को 25 वोट मिले।
अलवर- सुमनलता अग्रवाल को 42 और कांग्रेस की कमलेश शर्मा को 23 वोट मिले।
पाली- भाजपा की नमिता बुबकिया 33 वोट लेकर मेयर बनीं। यहां निर्दलीय राजबाला हिंगड़ को 29 वोट मिले, जबकि कांग्रेस की अधिकृत प्रत्याशी सुमित्रा जैन को सिर्फ 3 वोट मिले। इसलिए सबसे नजदीकी प्रतिद्वंद्वी के आधार पर जीत का अंतर 4 वोट रहा।
भरतपुर- यहां निर्विरोध निर्वाचन हुआ और भाजपा की जसवंत कंवर महापौर बनी।
भीलवाड़ा- भाजपा की अनुराधा सिंह निर्विरोध मेयर चुनी गईं।
बीकानेर- कांग्रेस के अनिल कल्ला ने 50 वोट हासिल किए तो भाजपा के सुरेंद्र सिंह को 30 वोट मिले।
जयपुर- भाजपा के सुनील कोठारी को 89 वोट मिले, जबकि कांग्रेस की सुनीता मावर को 60 वोट मिले। कोठारी 29 वोट के अंतर से विजयी रहे।
कोटा- भाजपा की अनुसुईया गोस्वामी ने 65 वोट हासिल किए, जबकि कांग्रेस की सुनीता सुमन को 35 वोट मिले। यहां जीत का अंतर 30 वोट रहा।
जोधपुर- भाजपा के प्रसन्नचंद मेहता को 53 और कांग्रेस के राजेंद्र सिंह सोलंकी को 47 वोट मिले। मेहता ने 6 वोट के अंतर से चुनाव जीता।
इस तरह 10 नगर निगमों में भाजपा के 9 और कांग्रेस का 1 महापौर है। दस में से सात नगर निगमों में मेयर का चुनाव 21 सितंबर को हो चुका था, जबकि जयपुर, जोधपुर और कोटा में चुनाव 25 सितंबर को हुए।


