राजस्थान 1st न्यूज,बीकानेर। बीकानेर शहर में आज मेयर के लिए चुनाव संपन्न हो गए। जिनमें कांग्रेस के अनिल कल्ला ने विजय हासिल की। अनिल कल्ला ने बहुमत से 9 वोट अधिक लिए। निकाय चुनावों में 80 सीटों वाले नगर निगम क्षेत्र में कांग्रेस ने 42 के साथ बहुमत का आंकड़ा पार किया। इसके बावजूद भी आज सुबह तक भाजपाई उत्साहित थे और करिश्मे का इंतजार कर रहे थे लेकिन परिणाम कुछ और ही हुआ। दरअसल इस पुरे निकाय चुनावों की कमाल पूर्व मंत्री डॉ.बी.डी. कल्ला के हाथ में दिखी। लगातार वो बीकानेर शहर में कांग्रेस को लीड़ करते हुए नजर आए। बताया जा रहा है कि अधिकांश ऐसे कार्यकर्ताओं को टिकट देने की पैरवी कल्ला ने की जो कि संंगठन में लंबे समय से जुड़े। कल्ला ने टिकट से लेकर महापौर के मतदान तक पल-पल अपनी नजर बनाए रखी और कई बार आक्रोशित रूप में भी नजर आए।
42 सीटों के बहुमत में पहुंची कांग्रेसी पार्षदों को जब प्रशिक्षण शिविर में ले जाया गया तो उसके बाद अनेक तरह की खबरें आती रही कि कांग्रेसी खेमे से क्रॉस वोटिंग हो सकती है। नवरतन डागा के नामांकन के बाद ऐसी चर्चा भी हुई कि नाराज कांग्रेसी डागा के समर्थन में वोट दे सकते है लेकिन कल्ला ने अपनी सूझबूड दिखाई और अंत: महापौर प्रत्याशी के रूप में अनिल कल्ला को विजय करवाकर ही दम लिया। 27 सीटों के साथ पिछडी भाजपा ने निर्दलीयों की एक तस्वीर साझा की। जिसके बाद कयास शुरू हुए कि भाजपा के पास वोटों की संख्या बढ़ गयी है और कुछ क्रॉस वोटिंग के दम पर करिश्मा हो सकता है लेकिन परिणामों में भाजपा को 30 ही वोट मिले। जबकि 27 पार्षद भाजपा के थे ओर 7-8 निर्दलीयों का दावा किया जा रहा था। ऐसे में चर्चाएं तेज हो गयी हे कि क्या भाजपा से क्रॉस वोटिंग हुई या फिर निर्दलीयों ने सहयोग नहीं किया।


