राजस्थान 1st न्यूज,बीकानेर। आज बंगला नगर मण्डल कांग्रेस समिति के तत्वाधान में मनरेगा की योजना को खुर्दबुर्द करने तथा बेरोजगारों को रोजगार को अधिकार समाप्त करने के संबंध में श्रमिकों एवं ग्रामीण जनों की सभा को संबोधित करते हुए डा. बी. डी. कल्ला, पूर्व मंत्री राजस्थान सरकार ने बताया कि महात्मा गाँधी राष्ट्रीय रोजगार गारण्टी योजना का नाम बदलकर विकसित भारत गारंटी फोर रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) रखा गया है। इस योजना में कही राम का नाम नहीं है किन्तु ग्रामीण जनों में एब्रीवीएशन को पढ़कर इसे भ्रम फैलाया जा रहा है।
केन्द्र सरकार ने इस योजना केवल नाम ही नहीं बदला बल्कि पूर्व में इस योजना के तहत राइट टूवर्क काम करने का व रोजगार प्राप्त करने का अधिकार को समाप्त कर दिया है।



पुराने विधेयक में परिवर्तन करके पूर्व में शत प्रतिशत राशि राज्यों को केन्द्र से मिलती थी, उसमें कटौती करके 40 प्रतिशत राशि राज्यों को देने पर 60 प्रतिशत राशि राज्यों में केंद्र प्रदान करेगा। इस परिवर्तन का राजस्थान उतर प्रदेश, मध्य प्रदेश, बिहार पंजाब बंगाल सहित सभी राज्यों में व्यापक प्रभाव पड़ेगा। राज्य की हिस्सा राशि नहीं मिलने पर केंद्र सरकार उक्त बजट नहीं दे सकेगी।
पूर्व योजनानुसार ग्रामीण क्षेत्र में कौन-2 सा कार्यस्वीकृत है इसका निर्णय ग्राम सभाओं में होता था। भारत सरकार आधारभूत ढांचे के संबंध में स्वयंनिग कर कार्यों की स्वीकृति देगी। ग्रामीणजनों के अधिकार समाप्त कर दिए। डॉ कल्ला ने विस्तार से इस योजना पर पूर्ववत प्रकाश डालते हुए उक्त विधेयक के विरोध किया एवं मनरेगा के जनजागरण पर जोर दिया

तथा आमजनों से इस हेतु राष्ट्रपति को एवं केंद्र सरकार को पोस्टकार्ड भेजकर विरोध करने का आव्हान किया।
कार्यक्रम में ब्लॉक अध्यक्ष जाकिर नागौरी, ओबीसी जिलाध्यक्ष उमा सुथार, मंडल अध्यक्ष मुकेश जोशी, हसन अली गोरी पुर्व पार्षद, तोलाराम सियाग, मुनीराम कूकना, शिव नारायण सोनी, नरसी सोनी, मेघराज सुथार विनोद सुथार, गोरधन कड़वासराख्मंडल अध्यक्ष नंदराम गोदारा, उदाराम सारस्वत, ओम कुमार, मंडल उपाध्यक्ष लक्ष्मण प्रजापतख् अजित प्रजापत, चिराग अली, खीरदिन, रामेश्वर सुथार, सौरभ जोशी ,पवन सुथार, कपिल व्यास, नवरत्न व्यास आदि सैकड़ों लोग मौजूद रहें।



