गायों के लिए रहेगी गोचर, खेजड़ी के लिए सीएम भजनलाल सख्त, देखें वीडियो-Bikaner News

Bikaner News गोचर और खेजड़ी को लेकर भाजपा नेताओं ने साझा की जानकारी
राजस्थान 1st न्यूज,बीकानेर। बीकानेर भारतीय जनता पार्टी संभाग मुख्यालय में आज भाजपा देहात जिलाध्यक्ष श्याम पंचारिया, शहर जिलाध्यक्ष सुमन छाजेड़ की अध्यक्षता में भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष बिहारी लाल विश्नोई ने आज विधायक सिद्धि कुमारी, डॉ विश्वनाथ मेघवाल, विधायक अंशुमान सिंह भाटी, विधायक ताराचंद सारस्वत, जेठानंद व्यास की उपस्थिति में मीडिया से बातचीत की। बिहारीलाल विश्नोई ने कहा दो दिन पूर्व मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा से बीकानेर जनप्रतिनिधियों व जिलाध्यक्ष ने प्रतिनिधिमंडल के रूप में मुलाकात की और बीकानेर मुख्यालय पर लंबे समय से गोचर को बीकानेर विकास प्राधिकरण में शामिल करते हुए उसकी किस्म बदलने की बात पर चल रहे असमंजस और प्रदेश भर में खेजड़ी पेड़ों की होने वाली कटाई पर प्रतिबंध हेतु कठोर कानून बनाने की बात को लेकर चर्चा हुई।

 

गोचर और खेजड़ी जैसे महत्वपूर्ण विषय पर मुख्यमंत्री ने दृढ़ता से गोचर संरक्षण की बात की और किसी भी कीमत पर गायों की गोचर का दूसरा उपयोग नहीं होगा ना उसकी किस्म बदली जाएगी। इस बात का समस्त गो प्रेमियों, संत समाज और सर्व समाज को विश्वास दिलाया साथ ही खेजड़ी कटाई जैसे महत्वपूर्ण विषय पर समस्त पर्यावरण प्रेमियों और संत समाज को आश्वस्त किया कि सरकार इस पर भारी जुर्माने सहित कई कठोर प्रावधानों वाला कानून बनाने जा रही है। अन्य प्रदेशों के इस तरह के कानूनी प्रावधानों का प्रदेश के विधि विभाग में विधि विशेषज्ञों द्वारा परीक्षण चल रहा है। यह पूर्ण होते ही सरकार कैबिनेट में इसकी मंजूरी लेते हुए सदन में विधेयक लाकर कानून बनाएगी। विश्नोई ने कहा गोचर और खेजड़ी को लेकर पर्यावरण प्रेमियों, साधु संतों, गो प्रेमियों, बीकानेर की जनता में एक असमंजस फैला है, में स्पष्ट कर देता हूं पर्यावरण प्रेमियों की खेजड़ी बचाने और गो प्रेमियों की गोचर बचाने की मांग पर मुख्यमंत्री संवेदशील है।

 

दोनों को बचाने के लिए भाजपा सरकार प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री स्वयं ब्रज भूमि से आते है वो स्वयं गाय और गोचर के मुद्दे को गंभीरता से लेते हुए आला अधिकारियों को निर्देशित किया गया है। जल्दी इस पर कठोर कानून बनेगा और हमारी धरोहर पहले जैसे है आगे भी वैसे रहेगी। कुछ माह पूर्व राजस्थान कैबिनेट ने जन विश्वास अध्यादेश को मंजूरी दी। जिसमें 11 कानूनों में कुछ संशोधन किए गए है, जिसमें एक वन अधिनियम 1927 की धारा 26(1) में भी संशोधन किया गया था। जिसमें खेजड़ी और हरो वृक्षों को लेकर कठोर कानून बनाने वाले विषय से कोई लेना देना नहीं था। इस बात को विधि मंत्री ने स्पष्ट भी किया परन्तु कुछ लोग इस विषय पर भ्रम फैलाने का काम कर रहे है।

 

कोलायत विधायक अंशुमान सिंह भाटी ने कहा गोचर को बीडीए अधिग्रहण को लेकर भ्रम का कारण स्वायत शासन विभाग का 2021 का एक सर्कुलर है जो यह कहता है स्वायत्तशासी निकाय को हस्तांतरित भूमि की किस्म स्वयं ही गैर मुमकिन आबादी मानी जाएगी उसी के तहत बीडीए ने कुछ भूमि बीडीए सीमा में शामिल की है परन्तु समय रहते भाजपा जनप्रतिनिधियों व पूर्व मंत्री देवी सिंह भाटी ने ये मुद्दा तथ्य के साथ मुख्यमंत्री के संज्ञान में लेकर आए आज भी बीडीए के खाते में गोचर की किस्म गोचर ही है। उससे आगे एक इंच भी गोचर की जमीन बीडीए के खाते में नहीं है। प्रतिनिधिमंडल की मुख्यमंत्री से वार्ता के दौरान राजस्थान मुख्य सचिव वी श्रीनिवासन, अतिरिक्त मुख्य सचिव अखिल अरोड़ा व शिखर अग्रवाल उपस्थित रहे।

Share This Article
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!