
Bikaner News राजस्थान 1st न्यूज,बीकानेर। नवसृजित राजस्व गांव डंडी के गठन को लेकर क्षेत्र में विवाद गहराता जा रहा है। भाजपा मंडल महामंत्री एवं मोखां न्याय मंच के अध्यक्ष रामरतन मेघवाल ने तहसीलदार एवं उपखंड अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर डंडी गांव के गठन में गंभीर अनियमितताओं का आरोप लगाया है।
रामरतन मेघवाल ने बताया कि डंडी कोई आबाद क्षेत्र नहीं है, बल्कि यह क्षेत्र प्रताप की डंडी नामक एक नाड़ी के रूप में जाना जाता है, जहां कोई स्थायी जनसंख्या निवास नहीं करती। इसके बावजूद नियमों को ताक पर रखकर इसे राजस्व गांव घोषित कर दिया गया।



उन्होंने आरोप लगाया कि डंडी गांव के गठन में जिस जनसंख्या का उल्लेख किया गया है, वह वास्तव में झझू और मोखां गांव में निवास करने वाले लोगों की है, न कि डंडी क्षेत्र की ढाणियों की। यह प्रक्रिया राजस्व नियमों और जनसंख्या मानकों का खुला उल्लंघन है।
मेघवाल ने कहा कि बिना वास्तविक आबादी, बिना भौगोलिक आधार और बिना स्थानीय सहमति के गांव का गठन करना न केवल प्रशासनिक लापरवाही है, बल्कि जनता के साथ धोखा भी है।
उन्होंने मांग की कि इस पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराई जाए और डंडी गांव के गठन को तत्काल निरस्त किया जाए। ज्ञापन सौंपने के दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि प्रशासन ने शीघ्र कार्रवाई नहीं की तो वे लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन करने को मजबूर होंगे।



